Thursday, March 11, 2010

हमें तुम भूल भी जाओ ....













हमें तुम भूल भी जाओ
तुम्हे हम प्यार करेंगे
गवारा जो न हो तुमको
नहीं इज़हार करेंगे

जो ख़्वाबों में चले आए
तो नज़रे तुम चुरा लेना
जो तनहाई में तड़पाए
तो यादों से मिटा देना
बना दो गैर ही हमको
नहीं तकरार करेंगे

हमें तुम भूल भी जाओ
तुम्हे हम प्यार करेंगे

वफ़ा न तुम करो हमसे
तुम्हे दिल से दुआ देंगे
तुम्हारे दर्द सह लेंगे
तुम्हे अपनी दवा देंगे
जो चाहो जान भी लेलो
नहीं इनकार करेंगे

हमें तुम भूल भी जाओ
तुम्हे हम प्यार करेंगे

सूने दिल में तुम आए
तुम्हे उसका सिला देंगे
हो जो भी आरजू तुमको
वही तुमको दिला देंगे
तुम्हारे दिल में भी कसक होगी
हम इंतज़ार करेंगे

हमें तुम भूल भी जाओ
तुम्हे हम प्यार करेंगे
गवारा जो न हो तुमको
नहीं इज़हार करेंगे

49 comments:

'अदा' said...

sundar premmayi kavita..

Suman said...

हमें तुम भूल भी जाओ
तुम्हे हम प्यार करेंगे
गवारा जो न हो तुमको
नहीं इज़हार करेंगे .nice

निर्मला कपिला said...

सूने दिल में तुम आए
तुम्हे उसका सिला देंगे
हो जो भी आरजू तुमको
वही तुमको दिला देंगे
तुम्हारे दिल में भी कसक होगी
हम इंतज़ार करेंगे
दिल को छू गया आपका गीत। बहुत सुन्दर। बधाई

संजय भास्कर said...

एहसास की यह अभिव्यक्ति बहुत खूब

संजय भास्कर said...

हर रंग को आपने बहुत ही सुन्‍दर शब्‍दों में पिरोया है, बेहतरीन प्रस्‍तुति ।

अनामिका की सदाये...... said...

isi ko to pyar kehte hai.

डॉ टी एस दराल said...

गवारा जो न हो तुमको
नहीं इज़हार करेंगे

बहुत सुन्दर।

shikha varshney said...

ahsason ki sundar abhivyakti

Arvind Mishra said...

समर्पण के रस में सराबोर कविता !

ktheLeo said...

सुन्दर व कोमलतम मनोभावो की प्रभावी अभिव्यक्ति!
आभार!

M VERMA said...

वफ़ा न तुम करो हमसे
तुम्हे दिल से दुआ देंगे
यही तो है वह एहसास जो हिन्दुस्तानी दिलों को दुनिया के सभी अहसास से अलग कर देती है
सुन्दर

ताऊ रामपुरिया said...

सूने दिल में तुम आए
तुम्हे उसका सिला देंगे
हो जो भी आरजू तुमको
वही तुमको दिला देंगे
तुम्हारे दिल में भी कसक होगी
हम इंतज़ार करेंगे


प्रेम ऐसा ही होता है. शुभकामनाएं.

रामराम.

RAJNISH PARIHAR said...

सुन्दर व कोमलतम मनोभावो की प्रभावी बेहतरीन प्रस्‍तुति ।बधाई!!!!!

महेन्द्र मिश्र said...

हमें तुम भूल भी जाओ
तुम्हे हम प्यार करेंगे
गवारा जो न हो तुमको
नहीं इज़हार करेंगे
बहुत बढ़िया उम्दा रचना प्रस्तुति ..आभार .

शाहिद मिर्ज़ा ''शाहिद'' said...

वफ़ा न तुम करो हमसे
तुम्हे दिल से दुआ देंगे.....
समर्पण का दिल को छू लेने वाला अहसास.
गीत बहुत अच्छा लगा. बधाई

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक said...

जो ख़्वाबों में चले आए
तो नज़रे तुम चुरा लेना
जो तनहाई में तड़पाए
तो यादों से मिटा देना
बना दो गैर ही हमको
नहीं तकरार करेंगे

बहुत ही सुन्दर रचना है!

प्रेम-रोग में गम का होना,
सबका बस ये ही है रोना।


क्रम ऐसा ही चलता रहता,
जीवन यों ही ढलता रहता,
खारे आँसू का जल पीना,
हरदम सपनों में ही खोना।
प्रेम-रोग में गम का होना,
सबका बस ये ही है रोना।


होली हो या हो दीवाली,
पतझड़ हो या हो हरियाली,
घुट-घुट कर पड़ता है जीना,
भार कठिन है अपना ढोना।
प्रेम-रोग में गम का होना,
सबका बस ये ही है रोना।


कागा बोले कोयल बोले,
कड़ुआ बोले या रस घोले,
उनके बिन लगता सब सूना,
खाली है मन का हर कोना।
प्रेम-रोग में गम का होना,
सबका बस ये ही है रोना।


भूखी अँखिया प्यासी अँखिया,
चंचल शोख उदासी अँखिया,
अक्सर अक्स उभर आता है,
बनकर मीठा स्वप्न सलोना।
प्रेम-रोग में गम का होना,
सबका बस ये ही है रोना।

काजल कुमार Kajal Kumar said...

सुंदर सुरमयी कविता.

बेचैन आत्मा said...

सुंदर प्रेम गीत.

सुशीला पुरी said...

बेहद मार्मिक रचना ......दिल की गहराइयों से निकली हुई .

sangeeta swarup said...

प्रेम रस से सराबोर ...समर्पण भाव से भरी प्यारी रचना...सुकून सा देती हुई....बधाई

रावेंद्रकुमार रवि said...

अनुपम भावों का संगम हो रहा है,
इस गीत में!

सतीश सक्सेना said...

एक बढ़िया और रुकने को विवश करती अभिव्यक्ति के लिए शुभकामनायें

अमित said...

सच्चे प्रेम की सबल अभिव्यक्ति के लिये बधाई!

rashmi ravija said...

Bahut hi pyaari si kavita hai..prem ras me saraabor..

Udan Tashtari said...

हमें तुम भूल भी जाओ
तुम्हे हम प्यार करेंगे
गवारा जो न हो तुमको
नहीं इज़हार करेंगे

-वाह!! सुन्दर अभिव्यक्ति!

मनोज कुमार said...

यह एक दिल की गहराइयों से निकली हुई सुन्दर व कोमलतम मनोभावो की प्रभावी बेहतरीन प्रस्‍तुति है।

vikas said...

जब मनुष्य किसी से प्रेम करता है तो उसकी कोई सीमा नहीं होती,वह किसी भी हद तक जा सकता है ,अपने बड़े अछे ढंग से न जाने कितने लोगों की दिल की और मन की बात कह दी.

विकास पाण्डेय
www.विचारो का दर्पण.blogspot.com

गिरीश बिल्लोरे ''पॉडकास्टर'' said...

khoobsoorat kavita

मनोज कुमार said...

बहुत अच्छी प्रस्तुति।
इसे 13.03.10 की चिट्ठा चर्चा (सुबह ०६ बजे) में शामिल किया गया है।
http://chitthacharcha.blogspot.com/

Tej Pratap Singh said...

फ़ा न तुम करो हमसे
तुम्हे दिल से दुआ देंगे
यही तो है वह एहसास जो हिन्दुस्तानी दिलों को दुनिया के सभी अहसास से अलग कर देती है
बेहतरीन प्रस्‍तुति...........

लता 'हया' said...

शुक्रिया ,
देर से आने के लिए माज़रत चाहती हूँ ,
उम्दा पोस्ट .

दीपक 'मशाल' said...

Waah... aap geet bhi rachne lageen.. khoobsoorat hai.. :)

vigyanchopal said...

sundervahuat sunder

देवेश प्रताप said...

बहेतरीन रचना .....प्रेम रस से पूर्ण

चंदन कुमार झा said...

बेहतरीन रचना ।

Sanjay Kumar Chourasia said...

yon nahin hota asan
sab kuchh bhool jana
ye dil nahin pyar mandir hai
aur bhagvan ko bhulana nahi asan

dhanyabad

http://sanjaykuamr.blogspot.com/

Mithilesh dubey said...

हमें तुम भूल भी जाओ
तुम्हे हम प्यार करेंगे

यही तो होता है समर्पण प्यार का , बहुत बढ़िया प्रस्तुति रही ।

Amitraghat said...

सुन्दर रचना....
amitraghat.blogspot.com

वाणी गीत said...

हमें तुम भूल भी जाओ ...
हम तुम्हे याद करेंगे ....
सुन्दर गीत ...!!

shikhar said...

This is awesome Ma'm!!

shikhar said...

This is awesome Ma'm!!

डॉ. मनोज मिश्र said...

बहुत खूबसूरत रचना.

वन्दना अवस्थी दुबे said...

सुन्दर गीत.

चंदन कुमार झा said...

सुन्दर गीत !!!

Nitin said...

जो ख़्वाबों में चले आए
तो नज़रे तुम चुरा लेना
जो तनहाई में तड़पाए
तो यादों से मिटा देना
बना दो गैर ही हमको
नहीं तकरार करेंगे

Kya baat hai !!!

Kulwant Happy said...

सिर पाँव तक लाजवाब था।

Surbhi said...

हमें तुम भूल भी जाओ
तुम्हे हम प्यार करेंगे

बहुत ही खूबसूरती से आपने भावों को शब्दों में संजोया है. आभार. मेरे चिट्ठे पर आपकी प्रतिक्रियाओं की प्रतीक्षा रहेगी.

suman said...

AAj pahli bar aap ka blog dekha bahut sundar rachnaye dil khush hua...............

Rajey Sha said...

प्रेमपूरि‍त काव्‍य ।